॥ राधाया हृदये कृष्णः कृष्णस्य हृदि राधिका ॥
Beet Gaye Din Bhajan Bina Re
बीत गए दिन भजन बिना रे
Kabir Das Ji
Kavi: Kabir Das Ji
बीत गए दिन भजन बिना रे ।
बाल अवस्था खेल में खोयो, जब यौवन तब मान घना रे ॥
लागा लोभ जागत नहिं कबहूँ, माया मोह की फाँस तना रे ।
कहत कबीर सुनो भाई साधो, अंत समय का कौन बना रे ॥
✨
Related Bhajans
Discover more devotional songs