॥ राधाया हृदये कृष्णः कृष्णस्य हृदि राधिका ॥
Darshan Do Ghanshyam Darash Bin Ankhiya
Krishna - Karun Bhav
Artist: Shrijirasik
दर्शन दो घनश्याम...
दर्शन दो घनश्याम, नाथ मेरी अंखियां प्यासी रे।
मन मंदिर की ज्योति जगा दो, घट-घट वासी रे ॥ टेर ॥
मंदिर-मंदिर मूरत तेरी, फिर भी न दीखे सूरत तेरी
यह शुभ बेला आई मिलन की पूरणमासी रे
दर्शन दो घनश्याम...
द्वार दया का जब तू खोले, पंचम सुर में गूंगा बोले
अंधा देखे, लंगड़ा चलकर, पहुंचे काशी रे
दर्शन दो घनश्याम...
पानी पीकर प्यास बुझाऊं, नैनन को कैसे समझाऊं
आंख मिचौली अब तो छोड़ो, मन के वासी रे
दर्शन दो घनश्याम....
✨
Related Bhajans
Discover more devotional songs